दिल्ली मेट्रो के यात्रियों को जल्द मिल सकती है बड़ी राहत, नई तकनीक से आसान हो जाएगा सफर

19 11 2021 metroforthphase 22219755

दिल्ली मेट्रो रेल निगम अपने लाखों यात्रियों का सफर आसान बनाने के लिए लगातार नई-नई तकनीक शामिल करता रहता है। इसी कड़ी में डीएमआरसी जल्द ही प्रत्येक कोच में यात्रियों की अक्यूपेंसी को एनालाइज करने और इसे प्लेटफार्म पर पैसेंजर इंफॉर्मेशनल डिस्प्ले सिस्टम पर प्रदर्शित करने जा रहा है। फिलहाल दिल्ली मेट्रो के मजेंटा लाइन पर इसका ट्रायल जारी है। अनुमति मिलने के बाद इसके चरणबद्ध तरीके से हर लाइन पर लागू किया जा सकता है। इस तकनीक से लोग यह जान पाएंगे कि दिल्ली मेट्रो में किस मेट्रो स्टेशन पर और किस कोच में अधिक भीड है। आक्यूपेंसी डिस्प्ले ट्रायल तेजी से चल रहा है। संतुष्ट होने साथ तकनीकी जांच समिति की रिपोर्ट मिलते ही इसे लागू कर दिया जाएगा।

डीएमआरसी के अधिकारियों का कहना है कि दिल्ली मेट्रो में सफर के दौरान यात्री बिना सोचे और समझे जल्दबाजी में ट्रेनों में चढ़ना शुरू कर देते हैं। अंदर जाकर उन्हें अधिक भीड़ का पता चलता है। जाहिर है कभी-कभार ज्यादा भीड़ होने के कारण लोगों को दिक्कत होती है। यात्री यह भी नहीं जान पाता है कि किस कोच में कम यात्री है और किस कोच में यात्री अधिक है? आने वाले समय में आक्यूपेंसी डिस्प्ले की मदद से यात्री भीड़ के अलावा, सही जानकारी पाकर आरामदायक सफर कर सकेंगे। इसकी मदद से लोगों को यह पता चल जाएगी कि किस कोच में य़ात्रियों की संख्या अधिक है और किस कोच में कम।

मजेंटा लाइन पर जारी है ट्रायल

यात्रियों की अक्यूपेंसी को एनालाइज करने और इसे प्लेटफार्म पर पैसेंजर इंफॉर्मेशनल डिस्प्ले सिस्टम की सफलता के बाद इसे लागू किया जाएगा। फिलहाल मैजेंटा लाइन पर स्टेशनों पर लगे डिस्प्ले पर ट्रेनों के आक्यूपेंसी स्टेटस को दिखाया जा रहा है।

डीएमआरसी के प्रवक्ता की मानें तो यह ट्रायल सफल रहता है, तो अगले चरण में दिल्ली मेट्रो की पिंक लाइन पर भी टेक्नोलाजी को लागू किया जा सकता है। फिलहाल डीएमआरसी के इंजीनियर इसकी सटीकता की जांच कर रहे हैं।

आक्यूपेंसी डिस्प्ले का मकसद ट्रेनों की समान लोडिंग और यात्रियों को सामाजिक दूरी बनाए रखने में मदद करना है।  ट्रायल सफल रहन के बाद दिल्ली मेट्रो की पिंक लाइन और मजेंटा लाइन यह सुविधा मिलनी शुरू हो जाएगी।